इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) और इंटरनेशनल ओलंपिक कमिटी (IOC) ने लॉस एंजिल्स ओलंपिक 2028 में क्रिकेट की वापसी के लिए क्वालिफिकेशन के नियमों की घोषणा कर दी है। ICC और IOC ने मिलकर यह साफ कर दिया है कि 2028 के लॉस एंजिल्स ओलंपिक (LA28) में क्रिकेट खेलने के लिए टीमों को कैसे चुना जाएगा। इसके साथ ही, टीमों को एक आखिरी मौका देने के लिए पहली बार एक खास ओलंपिक क्वालिफायर टूर्नामेंट भी कराया जाएगा।
टी20 फॉर्मेट में खेले जाएंगे मुकाबले
2028 में अमेरिका के लॉस एंजिल्स में होने वाले ओलंपिक खेलों में क्रिकेट का असली रोमांच देखने को मिलेगा। इस ऐतिहासिक टूर्नामेंट के सभी मैच T20 फॉर्मेट में खेले जाएंगे। दुनिया भर से केवल 6 मेंस और 6 वुमेंस टीमों को ही इस ओलंपिक में खेलने का मौका मिलेगा। सबसे अच्छी बात यह है कि इसमें एशिया, अफ्रीका, यूरोप और ओशिनिया जैसे अलग-अलग महाद्वीपों की टीमों का होना पक्का है। इसका मतलब है कि दुनिया के हर कोने के क्रिकेट फैंस अपनी पसंदीदा टीमों को ओलंपिक मेडल के लिए आपस में टकराते हुए देख सकेंगे।
भारतीय महिला टीम ने 2028 ओलंपिक के लिए किया क्वालीफाई
आपको बता दें कि वुमेंस T20 वर्ल्ड कप 2026 के नतीजों के आधार पर ओलंपिक के लिए पहली 4 महिला टीमों की जगह पक्की हो गई है। इसके नियम के मुताबिक, दुनिया के चार अलग-अलग इलाकों (महाद्वीपों) से सबसे अच्छा प्रदर्शन करने वाली एक-एक टीम को चुना गया है। इस तरह एशिया से भारत, ओशिनिया से ऑस्ट्रेलिया, यूरोप से इंग्लैंड (ग्रेट ब्रिटेन) और अफ्रीका से साउथ अफ्रीका की टीम ने ओलंपिक के लिए सीधे क्वालीफाई कर लिया है। बाकी टीम का फैसला क्वालीफायर के जरिए होगा।
अमेरिका को मिल सकती है डायरेक्ट एंट्री
होस्ट होने की वजह से अमेरिका की मेंस और वुमेंस टीमों को ओलंपिक में क्रिकेट टूर्नामेंट के लिए डायरेक्ट एंट्री मिल सकती है, लेकिन इसके लिए एक छोटी सी शर्त है। उन्हें 30 जून 2026 से 31 दिसंबर 2026 के बीच आईसीसी (ICC) की टी20 रैंकिंग में दुनिया की टॉप 15 टीमों में शामिल होना पड़ेगा। अगर अमेरिकी टीमें इस समय के दौरान टॉप 15 में जगह नहीं बना पाती हैं, तो उन्हें सीधा एंट्री नहीं मिलेगी और वह जगह रैंकिंग में मौजूद किसी दूसरी सबसे अच्छी टीम को दे दी जाएगी।
वेस्टइंडीज के क्वालिफिकेशन लिए है खास नियम
वेस्टइंडीज कोई एक अकेला देश नहीं है, बल्कि यह कई छोटे-छोटे कैरेबियाई देशों को मिलाकर बनी एक संयुक्त टीम है। चूंकि ओलंपिक में सिर्फ किसी एक देश की टीम ही हिस्सा ले सकती है, इसलिए वेस्टइंडीज के नाम से कोई टीम ओलंपिक नहीं खेल पाएगी। इसके लिए एक खास नियम बनाया गया है। अगर 31 दिसंबर 2026 तक वेस्टइंडीज की टीम दुनिया की टॉप 8 टीमों में बनी रहती है तो इन सभी कैरेबियाई देशों के बीच आपस में एक अलग टूर्नामेंट कराया जाएगा। इस टूर्नामेंट को जीतने वाला देश ही आगे चलकर 'ओलंपिक क्वालिफायर' मैचों में खेलने के लिए चुना जाएगा।
क्वालीफायर के जरिए होगा आखिरी जगह का फैसला
ओलंपिक में शामिल होने वाली शुरुआती 5 टीमों का फैसला तो आईसीसी (ICC) मेंस रैंकिंग और मौजूदा टूर्नामेंट्स के प्रदर्शन के आधार पर हो जाएगा। लेकिन छठी और आखिरी टीम को चुनने के लिए साल 2027 में एक खास 'आईसीसी ओलंपिक क्वालिफायर' टूर्नामेंट कराया जाएगा। इस टूर्नामेंट में कुल 8 टीमें हिस्सा लेंगी और जो टीम इसे जीतेगी, उसे ही ओलंपिक में खेलने का आखिरी टिकट मिलेगा।
यह भी पढ़ें
आयरलैंड से हार के बाद टीम इंडिया को आईसीसी रैंकिंग में भी नुकसान, अब टॉप की कुर्सी पर भी खतरा
आयरलैंड के हेड कोच ने दिया इस्तीफा, भारत के खिलाफ ऐतिहासिक सीरीज जीत के बाद छोड़ा पद